
कोरबा. छत्तीसगढ़ के कोरबा में राइस मिलर व बीजेपी के वरिष्ठ नेता की गुंडागर्दी का मामला सामने आया है. राइस मिलर संचालक व बीजेपी नेता गोपाल मोदी सहित तीन लोगों पर उरगा थाना में एफआईआर दर्ज कर ली गई है. नापतोल विभाग के अधिकारी से बदसलूकी करने का आरोप इनपर लगा है. आरोप है कि वरिष्ठ भाजपा नेता गोपाल मोदी ने ऊंची पहुंच बताते हुए शासकीय अधिकारी से बदसलूकी की. नापतौल विभाग के निरीक्षक को बंधक बना कर झुमाझटकी की गई. निरीक्षक पाल सिंह डहरिया का आरोप है कि राइसमिल में बगैर सत्यापन के संचालित धरम कांटा के खिलाफ करवाई करने पर गोपाल मोदी को इतना गुस्सा आया की उन्होंने सरकारी अधिकारी को ऊंची पहुंच का रौब दिखाकर धक्कामुक्की कर दी.
इस घटना में निरीक्षक के सिर पर को चोट आई है. पुलिस ने गोपाल मोदी समेत तीन के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्ना करने का अपराध पंजीबद्ध किया है. पुलिस के मुताबिक नापतौल विभाग के निरीक्षक पाल सिंह डहरिया बीते सोमवार को उरगा में संचालित नारायण पार्वती धर्मकांटा का निरीक्षण करने पहुंचे. उनका कहना है कि बिना सत्यापन किए धर्मकांटा चलाया जा रहा था, जो नियम विरूद्ध है. इस वजह से उन्होंने जब्ती की कार्रवाई शुरू की. इस दौरान गोपाल मोदी का भांजा आकाश अग्रवाल वहां मौजूद था. वे लगातार गोपाल से बात कर रहे थे, लेकिन कार्रवाई के बाद मैने आकाश को हस्ताक्षर करने कहा, पर उसने इंकार कर दिया.
मॉनिटर को जब्त करते वक्त बढ़ा विवाद
डहरिया ने अपनी शिकायत में बताया है कि मैंने जब्तीनामा में हस्ताक्षर करने से इंकार किए जाने का जिक्र कर मॉनिटर को जब्त करने की कार्रवाई शुरू कर दी. इस दौरान आकाश ने अपने मामा गोपाल मोदी को बुला लिया. डहरिया के अनुसार गोपाल मोदी अपने एक अन्य साथी के साथ पहुंचे और तीनों मिलकर शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न करते हुए काम करने से रोका. उन्हें अपनी उंची पहुंच कर धमकी दी और धक्कामुक्की शुरू कर दी. किसी तरह बाहर निकलने की कोशिश किया तो जोर से धक्का देने पर मेरा सिर कार से टकरा गया और मुझे चोटें आई. उरगा पुलिस ने इस मामले में गोपाल मोदी सहित तीन के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है.
इधर छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना क़े पदाधिकारी भी उरगा थाना पहुंचे. थाने में तनावपूर्ण स्थिति निर्मित हो गई. छत्तीसगढ़ी क्रांति सेना के पदाधिकारियों की मांग है कि मारपीट करने वाले राइस मिल संचालक गोपाल मोदी और उनके साथियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए.



